हल्दी दूध पीने से फायदे Turmeric with Milk Benefits in Hindi Margdarsan, Health Tips News Hindi, Expert Advice, Enlighten, Pursuing Knowledge, Helping Guide हल्दी दूध पीने से फायदे Turmeric with Milk Benefits in Hindi - Margdarsan, Health Tips News Hindi, Expert Advice, Enlighten, Pursuing Knowledge, Helping Guide

हल्दी दूध पीने से फायदे Turmeric with Milk Benefits in Hindi

हल्दी दूध अपने आप में अलग-अलग तरह से रोग रोधक बढ़ाने में खास प्राॅपटीज है। परन्तु अगर दूध में हल्दी डाल कर पी जाये तो वह खास औषधि रूप बन जाती है। हल्दी दूध मिश्रण एंटीआक्सीडेंट, एंटी इंफ्लेमेटरी, एंटी वायरल, एंटी बैक्टीरियल, एंटी गाइक्रोबियल और एंटी कैंसर गुण एक साथ मौजूद हैं। हल्दी दूध शरीर को चोट, दर्द, घाव संक्रमण, वायरल और विभिन्न तरह की बीमारियों से बचाने में सहायक है। हल्दी दूध मिश्रण प्राचीनकाल से ही खास प्रसिद्ध औषधि नुस्खा रहा है। विज्ञान शोध भी हल्दी दूध मिश्रण को रिच हेल्दी प्राॅपर्टीज मान चुकी है।

हल्दी दूध के साथ पीने से फायदे / हल्दी दूध के फायदे / Turmeric with Milk Benefits / Haldi Doodh pine ke Fayde

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हल्दी दूध बनाने की विधि
सामग्री :
  • 1 गिलास दूध /Milk
  • 2 चम्मच कच्ची हल्दी / कच्ची हल्दी नहीं हो तो हल्दी पाउडर आधा चम्मच / Turmeric Powder / Raw Turmeric Juice
  • 2 चुटकी भर काली मिर्च पाउडर / Kali Mirch Powder
Recipes : 1 गिलास दूध में 2 चम्मच कच्ची हल्दी रस और चुटकी भर कालीमिर्च पाउडर मिलायें। फिर हल्की आंच में पकायें। उबाल आने आंच बंद कर दें। फिर हल्का ठंड़ा गुनगुना होने पर पीयें। स्वाद के लिए थोड़ी सी शहद मिला सकते हैं।

अगर कच्ची हल्दी रस नहीं है तो आधा चम्मच से थोड़ा कम हल्दी पाउडर मिलायें। गर्म दूध में शहद नहीं मिलायें। गुनगुने पीने योग्य ठंड़ा होने पर ही शहद मिलायें।

सर्दी जुकाम खांसी खराश में हल्दी दूध 
सर्दी- जुकाम- खांसी, गले की खराश, गले में इंफेशन समस्या में हल्दी दूध मिश्रण अचूक औषधि है। हल्दी दूध के एंटी गाइक्रोबियल, एंटीबैक्टीरियल गुण विभिन्न तरह के सक्रमण, वायरल, बैक्टीरिया को निष्क्रीय करने में सक्षम है। सर्दी- जुकाम, खांसी, गले में इंफेशन, गले की खराश सम्बन्धित समस्याओं को रोकने और निष्क्रीय करने में हल्दी दूध प्रभावशाली रूप औषधि है।

चोट, सूजन, दर्द उपचार में हल्दी दूध 
शरीर पर चोट, सूजन, दर्द, घाव इंफेशन में हल्दी दूध मिश्रण अचूक रामबाण औषधि है। हल्दी दूध में एंटीआॅक्सीडेंट, एंटी इंफ्लेमेटरी, एंटी वायरल, एंटी बैक्टीरियल गुण एवं पोषक तत्व एक साथ मौजूद हैं। जोकि शरीर पर चोट, सूजन, दर्द, घाव इंफेशन को तेजी से ठीक करते हैं। दूध हल्दी मिश्रण सेवन चोट दर्द घाव में नेचुरल पेनकिलर की तरह काम करता है। और शीघ्र समस्याओं से छुटकारा दिलाने में सहायक है।

रोगप्रतिरोधक क्षमता बढ़ाये 
शरीर में रोगप्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने का हल्दी दूध मिश्रण सेवन अच्छा माध्यम है। हल्दी दूध सेवन संक्रमण-वायरल-कीटाणुओं और बदलते वातावरण के दुष्प्रभावों को रोकने में सहायक है। हल्दी दूध में रिच रोग रोधक खास प्राॅपटीज है।

गठिया में हल्दी दूध 
रियूमेटाॅइड गठिया, जोड़ों के दर्द में कच्ची हल्दी रस दूध के साथ सेवन करना फायदेमंद है। और कच्ची हल्दी रस, अदरक रस को सरसों तेल में पका कर गठियां दर्द ग्रसित अंगों पर मालिश करें।

अल्सर में हल्दी दूध 
हल्दी दूध के रिच एंटी इंफ्लेमेंटरी, एंटीआक्सिडेंट गुण अल्सर से बचाने में सहायक है। अल्सर में दूध हल्दी मिश्रण सेवन खाली पेट और रात्रि सोने से पहले करना फायदेमंद है।

विषाक्त दूषित पदार्थ निकाले दूध हल्दी 
दूध हल्दी सेवन शरीर में मौजूद जमा विषाक्त दूषित पदार्थों को निष्क्रीय कर पसीने बहने और मल, मूत्र के माध्यम से निकालने में सहायक है।

कैंसर रोधक हल्दी दूध 
प्रोस्टेट कैंसर, स्किन कैंसर, लंग कैंसर, ब्रेस्ट कैंसर, कोलन कैंसर में कच्ची हल्दी दूध मिश्रण कैंसर सेल्स को बढ़ने से रोकने में सहायक है। और कैंसर ग्रसित कोशिकाओं को दोबारा से जीवित सक्रीय करती है। हल्दी में कुरकुमिन तत्व मौजूद है। हल्दी दूध मिश्रण कैंसर रोकथाम खास औषधि बन जाती है।

रक्त साफ करे हल्दी दूध 
हल्दी दूध सेवन रक्त शोधन और रक्त संचार सुचारू करने में सहायक है। हल्दी दूध रिच डिटोक्सीफायिंग एंजेंट है। जोकि शरीर से टाॅक्सिन, विषाक्त को बाहर निकालता है। और रक्त को नेचुरल तरीके से फिल्टर का काम करती है।

लीवर रखे स्वस्थ 
लीवर कार्य दक्षता को सुचारू बनाये रखने में हल्दी दूध मिश्रण सेवन फायदेमंद है। हल्दी दूध मिश्रण लीवर में जमा विषाक्त दूषित पदार्थों को निकालता है। लीवर डिटाॅक्स करने में हल्दी दूध फायदेमंद है। पीलिया, फैटी लीवर ग्रेड 2 स्थिति में दूध हल्दी मिश्रण सेवन नहीं करें।

हड्डियों मजबूत बनाये हल्दी दूध 
दूध हल्दी सेवन हड्डियों मांसपेशिओं को मजबूत स्वस्थ बनाये रखने में सहायक है। दूध हल्दी रिच कैल्शियम - आयरन -प्रोटीन - खनिज तत्वों का श्रोत है। आॅस्टियोपोरेसिस मरीज के लिए हल्दी दूध सेवन खास फायदेमंद है।

हल्दी दूध त्वचा बनाये सुन्दर 
हल्दी दूध सेवन त्वचा से पिंपल्स मुंहासे मिटाने में सहायक है। और त्वचा सम्बन्धित समस्याओं में हल्दी दूध मिश्रण से त्वचा पर मालिष करें। हल्दी दूध त्वचा के लिए रिच एंटी सेप्टिक, एंटीबैक्टीरियल, एंटी फंगल गुणों का श्रोत है। हल्दी दूध एक तरह से त्वचा को फ्री रेडिकल्स से बचाता है।

अनिद्रा रोग में दूध हल्दी 
नींद नहीं आने की समस्या से छुटकारा दिलाने में दूध हल्दी सेवन फायदेमंद है। दूध हल्दी सेरोटोनिन लेवल बढ़ता है। जिससे नींद अच्छी आती है। और व्यक्ति तनाव, अनिद्रा से दूर रहता है।

महिलाओं के लिए 
पीरियड़स दर्द, संक्रमण, प्रजनन कमजोरी दूर करने में हल्दी दूध मिश्रण सेवन फायदेमंद है।

पुरूर्षों के लिए हल्दी दूध
पुरूर्षों में स्पूर्ति ऊर्जावान बनाने में दूध, चुटकी भर सफेद मूसली और हल्दी पाउडर गर्म दूध में मिलाकर पीना फायदेमंद है।

कैलोरी बर्न करे हल्दी दूध 
  • वजन - मोटापा - घटाने में हल्दी दूध मिश्रण सहायक है। जिम, वर्कआउट करने वाले युवाओं के लिए हल्दी दूध पीना काफी फायदेमंद है। हल्दी दूध वर्कआउट करने के उपरान्त थकान और दर्द मिटाने के साथ-साथ तेजी कैलोरी बर्न करता है। और युवाओं के लिए हल्दी दूध सेवन अतिरिक्त ऊर्जा पाने का अच्छा माध्यम है।
  • हल्दी दूध के दुष्प्रभाव / Turmeric Milk Side Effects
  • हल्दी दूध सीमित मात्रा में सेवन करें। दिन में केवल 2 वक्त ही सेवन करें।
  • अधिक हल्दी दूध सेवन से हेपाटाइटिस संक्रमण हो सकता है।
  • फैटी लिवर ग्रेड 2 स्थिति में दूध हल्दी सेवन से बचें।
  • एलर्जी समस्या में हल्दी दूध सेवन से बचें।
  • गर्भावस्था में दूध हल्दी सेवन चिकित्सक की सलाह से करें। पांचवे महीने के बाद हल्दी दूध नहीं पीया जा सकता।
  • पीलिया में हल्दी दूध सेवन नहीं करें।
  • हल्दी दूध अधिक सेवन से अपचन, दस्त, मासिक धर्म गड़बडी, पीरियड़ बिलीडिंग हो सकती है।
  • दूध हल्दी सेवन रोग स्थिति और चिकित्सक एवं एक्सपर्ट सलाह से सेवन करें।